बेजान जमीन से अनाज और फलों का निकलना, इन्सान का खुद का काम नहि है...

बेजान जमीन से अनाज और फलों का निकलना, इन्सान का खुद का काम नहि है...


🟨 *बेजान जमीन से अनाज और फलों का निकलना, इन्सान का खुद का काम नहि है..*.‼

🟪 *"इन लोगों के लिये बेजान ज़मीन एक निशानी है. हमने उस को जिन्दगी दी और उससे अनाज निकला जिसे ये खाते है. हमने उसमें खजूरों और अँगूरों के बाग़ पैदा किए और उस के अन्दर से स्त्रोत फोड़ निकाले, ताकि ये उस के फल खाएँ. ये सब कुछ इनके अपने हाथों का पैदा किया हुआ नहि है. फिर कया ये कृतज्ञता नहि दिखाते ?*

➖ *कुरआन, सूरह यासीन - 33-35*
Previous Post
Next Post

post written by:

Founder, Designer & Developer of Ummat-e-Nabi.com | Worlds first Largest Islamic blog in Roman Urdu.

0 Comments: